[सब्सिडी योजना] यूपी बायोगैस प्लांट सब्सिडी योजना 2020 Bio Gas Plant Scheme

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UP Biogas Plant Subsidy Yojana 2020

Latest Update : New Jobs will be generated through 84 Bio Fuel Plants in Uttar Pradesh. Indian Oil Corporation will implement 84 Plants in various Projects. Read full news from Image below….

उत्तर प्रदेश सरकार फिर से गांवों में गोबर और कचरे से ऊर्जा पैदा करने की योजना पर विचार कर रही है। निर्मल भारत अभियान के तहत प्रदेश के 30 जिलों में ऊर्जा का उत्पादन किया जाएगा। ग्राम पंचायत स्तर पर कम्पोस्ट खाद तथा सोख्ता गड्ढों से बायोगैस प्लांट तैयार किए जायेंगे। उत्तर प्रदेश में गोबर का उपयोग ऊर्जा के रूप में करने के लिए सरकार द्वारा Biogas Plant Subsidy Yojana का संचालन किया जा रहा है। प्रदेश में लगभग 4 लाख 80 हजार पशुधन है जिनसे लगभग 1200 लाख टन अपशिष्ट पदार्थ का उत्पादन होने का अनुमान है। अपशिष्ट पदार्थों का उपयोग ग्रामीणों द्वारा न किए जाने के कारण मच्छर, कीट, पतंगे आदि उत्पन्न होते है जिससे पर्यावरण प्रदूषित होता है।

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पांच सदस्यों वाले परिवार के दो समय का भोजन बनाने एवं 4-5 घंटे तक एक लैंप जलाने की व्यवस्था हेतु क्यूबिक मीटर बायोगैस संयंत्र लगाने के लिए कम से कम 50 किलोग्राम/प्रतिदिन गोबर की आवश्यकता होती है जिसमे जानवरों के गोबर के अतिरिक्त मल, मुर्गियों की बीट एवं फसलों के अवशेष (कचरे) आदि को भी प्रयोग किया जाता है। इन अपशिष्ट पदार्थों का उपयोग ग्रामीणों द्वारा खाना बनाने में किया जाता है। इसके बाबजूद भी गोबर का एक बड़ा हिस्सा व्यर्थ होता है। पशुधन के अपशिष्ट का बायोगैस संयंत्र के रूप में प्रयोग करने पर ऊर्जा के साथ ही जैविक खाद का भी उत्पादन होता है। इस योजना का लाभ प्रदेश के किसान, डेयरी संस्था, पोल्ट्री फार्म संचालक आदि उठा सकते है।

बायोगैस प्लांट सब्सिडी योजना

पंचायती राज निदेशालय के आदेश के अनुसार योजना के क्रियान्वयन के लिए ग्राम पंचायतों में लाभार्थियों का चयन किया जाएगा। इसमें वही लाभार्थी चयनित होंगे जो अंशदान के रूप में कुल लागत का 40 फीसदी खर्च स्वयं कर सके। बाकी 60 फीसदी धनराशि योजना के अंतर्गत मुहैया कराई जाएगी। केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह द्वारा गोद लिए गए बेंती गांव में ऊर्जा के लिए गोबर गैस प्लांट लगाने की योजना शुरू की गयी है। अभी तक किसान गोबर को खुले में रख देते है जो सूख जाने पर खेतों में बिखर जाता है। इससे किसानों के खेतों में अनेक तरह की बीमारियां फैल जाती है क्योकि सूखे गोबर में अनेक तरह के कीड़े लग जाते है जो फसल और खेत के लिए नुकसानदायक होते है।

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यूपी बायोगैस प्लांट सब्सिडी योजना के लिए पात्रता

बायोगैस संयंत्र सब्सिडी योजना के लिए निम्नलिखित पात्रता का होना आवश्यक है :-

  • आवेदक को उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए।
  • आवेदक के पास 5 से ज्यादा मवेशी या प्रतिदिन कम से कम 50 किलोग्राम गोबर के हिसाब से वार्षिक 18.25 टन गोबर की व्यवस्था होनी चाहिए।
  • 13 फ़ीट की डोम के साथ ही 25 फ़ीट अतिरिक्त होनी चाहिए ताकि बायोगैस संयंत्र स्थापित करने के बाद उससे निकलने वाली बायोगैस स्लरी को रखने की व्यवस्था हो सके।
  • गौशाला या डेयरी संस्था इस योजना के लाभ ले सकती है।
  • प्रदेश के पोल्ट्री फार्म संचालक भी योजना के लाभ के लिए आवेदन कर सकते है।

उत्तर प्रदेश बायोगैस प्लांट सब्सिडी योजना की राशि

योजना के तहत अक्षय ऊर्जा मंत्रालय द्वारा स्वीकृत नक्शे के अनुसार बायोगैस संयंत्र स्थापित करने पर अक्षय ऊर्जा मंत्रालय की राशि प्रदान की जाती है जो निम्न प्रकार से है :-

  • 5 मवेशियों से प्राप्त होने वाले लगभग 50 किलोग्राम/प्रतिदिन गोबर की खपत से 2 क्यूबिक मीटर की क्षमता वाले बायोगैस संयंत्र स्थापित किया जा सकता है। इस संयंत्र को स्थापित करने में 22 हजार रुपए की लागत आती है जिसमे से राज्य सरकार द्वारा सामान्य जाति के लाभार्थियों को 9000 रुपए एवं अनुसूचित जाति के आवेदकों को 11000 रुपए सब्सिडी प्रदान की जाती है।
  • 2 घन मीटर क्षमता के बायोगैस संयंत्र से जनरेटर चलाने पर 5 व्यक्तियों के परिवार का दोनों वक़्त का भोजन एवं लगभग 5 घंटे एक लैंप जलाया जा सकता है जिससे प्रतिदिन 100 यूनिट विद्युत ऊर्जा के साथ ही 267 टन जैविक खाद्य की प्राप्ति होती है।
  • इसके लिए सरकार द्वारा पहले चरण में 40000 रूपए एवं दूसरे चरण में 30000 रूपए सब्सिडी की राशि प्रदान की जाती है।

यूपी बायोगैस प्लांट सब्सिडी योजना के लिए आवेदन (Apply for UP Biogas Plant Subsidy Yojana)

आवेदकों को यूपीनेडा (उत्तर प्रदेश न्यू एंड एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी) के कार्यालय से संपर्क करना होगा।

  • योजना की शर्त पूरी करने पर यूपीनेडा विभाग के अधिकारी द्वारा स्थान का निरिक्षण किया जाता है।
  • इसके बाद विभाग द्वारा बायोगैस संयंत्र लगाने हेतु अनुदान की स्वीकृति प्रदान की जाती है।
  • Biogas Plant Subsidy Yojna के तहत स्बसिडी की राशि आवेदक को प्राप्त होती है।

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